वैश्वीकरण राष्ट्र प्रेम एवं स्वदेश की भावना को आघात पहुँचा रहा है। लोग विदेशी वस्तुओं का उपभोग करना शान समझते है एवं देशी वस्तुओं को घटिया एवं तिरस्कार योग समझते हैं। “ Guruji has actually remodeled my lifestyle through his blessings on me..I had been struggling with serious despair as https://vashikaran96284.blogripley.com/34071829/top-latest-five-name-se-vashikaran-urban-news